व्यक्ति का जीवन समाज और संसार की भलाई के लिए भी होना चाहिए समर्पित- स्वामी असीमात्मानंद महाराज
उत्तरकाशी(वीरेंद्र सिंह)- पांच अगस्त को धराली क्षेत्र में आई आपदा के उपरांत रामकृष्ण मिशन आश्रम देहरादून निरंतर प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्य संचालित कर रहा है।
इस संदर्भ में रामकृष्ण मिशन देहरादून के सचिव ने राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह से मुखवा गाँव में भेंट हुई, जिसमें राहत कार्यों के संचालन के लिए प्रस्ताव दिया गया। इस सिलसिले में रामकृष्ण मिशन देहरादून सेवा कार्य करके अपना धर्म निभा रहा हैं।
राहत कार्यों के अंतर्गत आपदा क्षेत्र में सक्रिय अनेकों मेडिकल टीमों के लिए उत्तरकाशी, भट्टवाडी, हर्षिल में रहने खाने और दवाइयों की व्यवस्था की गई। आपदा प्रभावित क्षेत्र के रास्ते भर में कार्यरत टीमों और मजदूरों को फल, बिस्कुट और पेयजल उपलब्ध कराया।
आपदा प्रभावित क्षेत्र की 70 गर्भवती माताओं के लिए विशेष मातृत्व किट मुख्य चिकित्सा अधिकारी को सौंपे गए। धराली गांव के 70 परिवारों को राहत सामग्री वितरित की गई, जिसमें सोलर लाइट, गैस चूल्हा, प्रेशर कुकर, कंबल, कपड़े, राशन किट और बर्तन किट शामिल हैं।
इस अवसर पर रामकृष्ण मिशन आश्रम, देहरादून के सचिव स्वामी असीमात्मानंद महाराज ने कहा कि रामकृष्ण मिशन का मूल उद्देश्य आत्मनो मोक्षार्थम् जगद्धिताय च” व्यक्ति का जीवन केवल स्वयं के उद्धार तक सीमित न रहकर.समाज और संसार की भलाई के लिए भी समर्पित होना चाहिए। इसी उद्देश्य से मिशन के सभी सन्यासी गण सेवा कार्य में निरंतर लगे रहते हैं। साथ ही उन्होंने इंफोसिस फाउंडेशन और ओर्बिस फाइनेंस कॉर्पोरेशन लिमिटेड, राजीव चौधरी कैंसर फाउंडेशन ट्रस्ट और अन्य दानदाताओं सहित मुख्य चिकित्सा अधिकारी और उनकी टीम का आभार व्यक्त किया, जिनके सहयोग से यह कार्य सफल किया।
इस अवसर पर मिशन से स्वामी युगलधिशानंद, तेज बहादुर, कुलदीप, ग्राम प्रधान धराली अनोज, अर्जुन नेगी, जायेंद्र एवम् अनेक ग्रामीण उपस्थित थे.
