राजकीय इंटर कॉलेज गरखेत में लोक संस्कृति की धूम: बच्चों ने लगाए स्थानीय व्यंजनों के 18 स्टॉल
राजकीय इंटर कॉलेज गरखेत में लोक संस्कृति की धूम: बच्चों ने लगाए स्थानीय व्यंजनों के 18 स्टॉल
नैनबाग- जौनपुर विकासखंड के राजकीय इंटर कॉलेज गरखेत में ‘लोक संस्कृति दिवस’ के अवसर पर विद्यालय परिसर पहाड़ी रंग में रंगा नजर आया। इस खास मौके पर छात्र-छात्राओं द्वारा स्थानीय व्यंजनों पर आधारित एक भव्य मेले का आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य अपनी पारंपरिक विरासत को संरक्षित करना और नई पीढ़ी को इससे रूबरू कराना था।

जौनपुरी जायके का जादू
मेले में बच्चों द्वारा कुल 18 स्टॉल लगाए गए थे। इन स्टॉल्स पर जौनपुर के पारंपरिक खान-पान जैसे अस्के, बाड़ी, सिदोकी (सीदे), गहत की स्वाली, झंगोरे की खीर और स्थानीय चटनी का प्रदर्शन किया गया। बच्चों ने न केवल ये व्यंजन तैयार किए, बल्कि आने वाले अतिथियों को इनके औषधीय गुणों और सांस्कृतिक महत्व के बारे में भी बताया।
अतिथियों ने की सराहना
कार्यक्रम में पहुंचे विशिष्ट अतिथियों ने बच्चों के इस प्रयास को खूब सराहा। उन्होंने कहा कि “जीआईसी गरखेत के बच्चों ने जिस तरह से अपनी लोक संस्कृति को प्रदर्शित किया है, वह काबिले तारीफ है। ऐसे मेलों से बच्चों में अपनी जड़ों के प्रति गर्व की भावना पैदा होती है।” अतिथियों ने प्रत्येक स्टॉल पर जाकर बच्चों का उत्साहवर्धन किया और स्थानीय व्यंजनों का आनंद लिया।


सांस्कृतिक चेतना का संदेश
विद्यालय के शिक्षकों ने बताया कि लोक संस्कृति दिवस मनाने का मुख्य उद्देश्य बच्चों को किताबी ज्ञान के साथ-साथ अपनी माटी की कला और स्वाद से जोड़ना है। मेले में स्थानीय वेशभूषा और लोक गीतों ने चार चांद लगा दिए, जिससे पूरा गरखेत क्षेत्र सांस्कृतिक उल्लास में डूबा नजर आया।
विद्यालय के अध्यापकों में शशिकांत रयाल, आशीष डंगवाल, दीपा टम्टा, साक्षी पैन्यूली, गणेश चौहान, करमचंद एवं सभी अध्यापकों ने बढ़चढ़कर कार्यक्रम को उत्कृष्ट बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
