उत्तराखण्ड STF की बड़ी कार्रवाई, ‘ड्रग्स फ्री देवभूमि अभियान’ के तहत हल्द्वानी से 2 किलो से अधिक चरस के साथ एक तस्कर गिरफ्तार
उत्तराखण्ड STF की बड़ी कार्रवाई, ‘ड्रग्स फ्री देवभूमि अभियान’ के तहत हल्द्वानी से 2 किलो से अधिक चरस के साथ एक तस्कर गिरफ्तार
हल्द्वानी/देहरादून: मुख्यमंत्री उत्तराखंड के ‘ड्रग्स फ्री देवभूमि अभियान’ को गति देते हुए, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ श्री नवनीत भुल्लर के निर्देश पर उत्तराखण्ड एसटीएफ (एंटी नारकोटिक्स) कुमाऊं यूनिट ने बड़ी सफलता हासिल की है। एसटीएफ ने स्थानीय पुलिस के साथ संयुक्त कार्यवाही करते हुए हल्द्वानी के डिग्री कॉलेज के पास से एक चरस तस्कर को गिरफ्तार किया है।
बरामदगी और गिरफ्तारी:
- गिरफ्तार अभियुक्त: नारायण सिंह परगई पुत्र हरकिशन परगई (उम्र 58 वर्ष), निवासी ग्राम कुकना, तहसील ओखेलकांडा, थाना मुक्तेश्वर, जनपद नैनीताल (हाल निवासी जय दुर्गा कॉलोनी, दुर्गा सिटी सेंटर, हल्द्वानी)।
- बरामदगी: कुल 02 किलो 20 ग्राम अवैध चरस।
कार्यवाही का विवरण: सीओ परवेज अली के निर्देशन में और प्रभारी निरीक्षक STF (एंटी नारकोटिक्स) कुमाऊं यूनिट पावन स्वरुप के नेतृत्व में कल यह संयुक्त कार्यवाही कोतवाली हल्द्वानी क्षेत्र में की गई। पूछताछ में अभियुक्त नारायण सिंह परगई ने बताया कि उसने यह चरस चंपावत के नौलिया गांव से खरीदी थी और वह इसे मैदानी क्षेत्रों में ऊंचे दामों पर बेचने के लिए लाया था। अभियुक्त ने यह भी स्वीकार किया कि वह इससे पहले भी कई बार पहाड़ी क्षेत्र से चरस ला चुका है और चरस तस्करी के मामले में एक बार जेल भी जा चुका है। जमानत पर छूटने के बाद कम समय में ज्यादा पैसा कमाने के लालच में उसने फिर से यह धंधा शुरू कर दिया था।
आगे की कार्रवाई: एसटीएफ टीम ने अभियुक्त से पूछताछ के दौरान कई अन्य ड्रग्स तस्करों के नामों की जानकारी हासिल की है, जिन पर जल्द ही अलग से कार्यवाही की जाएगी। अभियुक्त के आपराधिक रिकॉर्ड को खंगाला जा रहा है।
एसएसपी एसटीएफ की जनता से अपील: वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ नवनीत भुल्लर ने पुनः अपने ऑफिस नंबर जारी करते हुए जनता से अपील की है कि वे नशे से दूर रहें और किसी भी प्रकार के लालच में आकर नशा तस्करी न करें। उन्होंने नशा तस्करी करने वालों के खिलाफ कार्यवाही के लिए तत्काल निकटतम पुलिस स्टेशन या एस. टी. एफ उत्तराखंड से संपर्क करने का आह्वान किया है। एसटीएफ ने स्पष्ट किया है कि ‘ड्रग्स-फ्री देवभूमि अभियान’ के तहत उनकी कड़ी कार्यवाही लगातार जारी रहेगी।
