खाड़ी महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने तकनीकी कौशल से प्रस्तुत किया महिलाओं का गौरवशाली इतिहास
खाड़ी महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने तकनीकी कौशल से प्रस्तुत किया महिलाओं का गौरवशाली इतिहास
टिहरी- राजकीय महाविद्यालय खाड़ी में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर “भारतीय महिलाओं के योगदान” विषयक प्रभावशाली पीपीटी प्रस्तुति कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य भारतीय इतिहास के विविध कालखंडों में महिलाओं की भूमिका, उनके संघर्ष, त्याग एवं उपलब्धियों को रेखांकित करना था। इस अवसर पर इतिहास विभाग के छात्र-छात्राओं ने अत्यंत उत्साह और आत्मविश्वास के साथ भक्ति कालीन महिलाओं के आध्यात्मिक एवं सामाजिक योगदान, स्वतंत्रता संग्राम में वीरांगनाओं की निर्णायक भूमिका तथा आधुनिक युग में महिलाओं की बदलती सामाजिक, राजनीतिक एवं आर्थिक स्थिति जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर शोधपरक एवं आकर्षक प्रस्तुतियां दीं।
छात्र-छात्राओं की प्रस्तुति ने न केवल उनके अध्ययन की गहराई को प्रदर्शित किया, बल्कि महिलाओं के ऐतिहासिक महत्व के प्रति उनकी संवेदनशील समझ को भी अभिव्यक्त किया।
कार्यक्रम में प्रोफेसर निरंजना शर्मा एवं डॉ. शनव्वर ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए उनके प्रयासों की सराहना की और उन्हें निरंतर शोध एवं अध्ययन के लिए प्रेरित किया। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर अरुण कुमार सिंह ने विद्यार्थियों के उत्कृष्ट प्रदर्शन की प्रशंसा करते हुए कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु इतिहास विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. ईरा सिंह को हार्दिक बधाई दी।
कार्यक्रम में प्रोफेसर निरंजना शर्मा एवं डॉ. शनव्वर ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए उनके प्रयासों की सराहना की और उन्हें निरंतर शोध एवं अध्ययन के लिए प्रेरित किया। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर अरुण कुमार सिंह ने विद्यार्थियों के उत्कृष्ट प्रदर्शन की प्रशंसा करते हुए कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु इतिहास विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. ईरा सिंह को हार्दिक बधाई दी।
डॉ. ईरा सिंह ने सभी प्राध्यापकों, कर्मचारीगण एवं विद्यार्थियों के सहयोग के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में ऐतिहासिक चेतना, आत्मविश्वास और शोध की भावना को सुदृढ़ करते हैं। कार्यक्रम के सफल संचालन में तकनीकी सहायक आशीष तथा छायांकन सहायक हितेश कुमार का विशेष योगदान रहा।
यह आयोजन महाविद्यालय में महिला सशक्तिकरण की भावना को सुदृढ़ करने तथा विद्यार्थियों में इतिहास के प्रति जागरूकता विकसित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सिद्ध हुआ।
यह आयोजन महाविद्यालय में महिला सशक्तिकरण की भावना को सुदृढ़ करने तथा विद्यार्थियों में इतिहास के प्रति जागरूकता विकसित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सिद्ध हुआ।
