उत्तरकाशी: वीरपुर की महिला बुनकरों को मिली आधुनिक ट्रेनिंग, प्राकृतिक रंगों से संवरेगी ऊनी उत्पादों की दुनिया
उत्तरकाशी: वीरपुर की महिला बुनकरों को मिली आधुनिक ट्रेनिंग, प्राकृतिक रंगों से संवरेगी ऊनी उत्पादों की दुनिया
उत्तरकाशी- उत्तरकाशी जिले के विकासखंड डुंडा के वीरपुर गांव में ऊन प्रसंस्करण एवं विकास को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के दिशा-निर्देशों में संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (यूएनडीपी) और एक स्वयंसेवी संस्था के सहयोग से आयोजित हुआ, जिसमें गांव की महिलाओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया.
प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं को प्राकृतिक संसाधनों से नेचुरल रंग तैयार करने और ऊनी उत्पादों को आकर्षक बनाने की आधुनिक तकनीक सिखाई गई। विशेष रूप से जड़ी-बूटियों, अखरोट के छिलके, प्याज के छिलके, हल्दी, अनार और कंडाली जैसी स्थानीय वस्तुओं से विभिन्न रंग तैयार करने और रंगों के मिश्रण की बारीकियां समझाई गईं। प्रशिक्षण में यह भी बताया गया कि पारंपरिक ऊनी कार्य को नई डिजाइन और रंगों के साथ आधुनिक बाजार की मांग के अनुरूप कैसे विकसित किया जा सकता है, ताकि उत्पादों की बिक्री और आय दोनों बढ़ सके। उल्लेखनीय है कि वीरपुर गांव के 300 से अधिक परिवार ऊनी कार्य से जुड़े हैं और यहां तैयार उत्पाद राज्य के साथ-साथ देश के विभिन्न हिस्सों में भेजे जाते हैं, जिनकी अच्छी मांग बनी हुई है।
अब महिलाओं को उम्मीद है कि प्रशिक्षण से मिली नई तकनीक के जरिए टोपी, जुराब, मफलर, पंखी और शॉल जैसे उत्पादों को आकर्षक रंग और आधुनिक डिजाइन देकर बाजार में उनकी मांग और अधिक बढ़ाई जा सकेगी, जिससे महिला समूह आत्मनिर्भरता की दिशा में मजबूत कदम बढ़ा सकेंगे।
